
रामायण की यह चौपाई है सबसे पावरफुल, हर दिन करिए इसका पाठ, जन्म-जन्मांतर के पाप धुल जाते हैं ।
क्या आपको पता है तुलसीदास द्वारा लिखी गई
श्रीरामचरितमानस की चौपाइयों में जीवन की हर समस्या का समाधान मिल जाएगा. माना जाता है इसका पाठ करने से जन्म जन्मांतरों के पाप से मुक्ति मिल जाती है और भय, रोग आदि भी दूर हो जाते हैं.
शिक्षा में सफलता दिलाने वाली चौपाई
यदि आपको लगता है कि आपकी पढ़ाई लिखाई में अक्सर बाधा आती रहती है या फिर उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षा आदि के लिए किये जा रहे प्रयास सफल नहीं हो पा रहे हैं तो आपको रामचरित मानस की इस चौपाई का श्रद्धा के साथ जप करना चाहिए.
‘गुरु गृह गए पढ़न रघुराई.
अल्पकाल विद्या सब आई..’
नौकरी.व्यवसाय के लिए जपें ये चौपाई
यदि आपको लगता है कि आपको तमाम प्रयासों के बाद करियर.कारोबार का कोई अवसर नहीं प्राप्त हो रहा है या फिर आपके कामकाज में आए दिन मुश्किलें आती रहती हैं तो आपको इसमें अनुकूलता को पाने के लिए प्रतिदिन भगवान राम के गुणों का गान करने वाली इस चौपाई का श्रद्धा और विश्वास के साथ जप करना चाहिए.
बिस्व भरन पोषन कर जोई. Yताकर नाम भरत अस होई..
संकट से मुक्ति दिलाने वाली चौपाई
यदि आपको लगता है कि आप तमाम तरह के संकटों से घिर गये हैं और आपको बचने का कोई रास्ता नहीं बचा है या फिर आपके सारे प्रयास व्यर्थ जा रहे हैं तो आपको प्रभु श्री राम का ध्यान करते हुए प्रतिदिन पूजा में नीचे दी गई चौपाई का एक माला जप अवश्य करना चाहिए.
दीनदयाल बिरिदु संभारी. हरहुनाथ मम संकट भारी..
हिंदू धर्म में श्री रामचरितमानस अत्यंत ही पवित्र ग्रंथ माना जाता है. शायद ही कोई ऐसा सनातनी व्यक्ति होगा, जिसके घर में गोस्वामी तुलसीदास जी द्वारा रचित श्री रामचरित मानस न हो. सनातन परंपरा में मानस को काफी शुभ और मंगलदायी माना गया है. यही कारण है कि लोग इसे न सिर्फ अपने घर के सबसे पवित्र स्थान यानि पूजा घर में रखते हैं, बल्कि इसका पाठ भी श्रद्धा भाव के साथ करते हैं. हिंदू मान्यता के अनुसार श्री रामचरित मानस की हर चौपाई न सिर्फ जीवन को सही रास्ता दिखाते हुए सीख देती है, बल्कि यह तमाम तरह के कष्टों को दूर करने और कामनाओं को पूरा करेन वाली भी है. आइए मानस की ऐसी ही चमत्कारी चौपाईयों के बारे में विस्तार से जानते हैं.
शिक्षा में सफलता दिलाने वाली चौपाई
यदि आपको लगता है कि आपकी पढ़ाई लिखाई में अक्सर बाधा आती रहती है या फिर उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षा आदि के लिए किये जा रहे प्रयास सफल नहीं हो पा रहे हैं तो आपको रामचरित मानस की इस चौपाई का श्रद्धा के साथ जप करना चाहिए.
‘गुरु गृह गए पढ़न रघुराई.
अल्पकाल विद्या सब आई..’
नौकरी.व्यवसाय के लिए जपें ये चौपाई
यदि आपको लगता है कि आपको तमाम प्रयासों के बाद करियर.कारोबार का कोई अवसर नहीं प्राप्त हो रहा है या फिर आपके कामकाज में आए दिन मुश्किलें आती रहती हैं तो आपको इसमें अनुकूलता को पाने के लिए प्रतिदिन भगवान राम के गुणों का गान करने वाली इस चौपाई का श्रद्धा और विश्वास के साथ जप करना चाहिए.
बिस्व भरन पोषन कर जोई. ताकर नाम भरत अस होई..
संकट से मुक्ति दिलाने वाली चौपाई
यदि आपको लगता है कि आप तमाम तरह के संकटों से घिर गये हैं और आपको बचने का कोई रास्ता नहीं आपकोबचा है या फिर आपके सारे प्रयास व्यर्थ जा रहे हैं तो प्रभु श्री राम का ध्यान करते हुए प्रतिदिन पूजा में नीचे दी गई चौपाई का एक माला जप अवश्य करना चाहिए.
दीनदयाल बिरिदु संभारी. हरहुनाथ मम संकट भारी..
सुख संपदा बढ़ाने वाली चौपाई
यदि आपको लगता है कि आपके पास पैसों की किल्लत बनी हुई है और बहुत मेहनत करने के पास भी आर्थिक दिक्कतें दूर नहीं हो रही हैं तो आपको दशहरे के दिन या फिर मंगलवार को नीचे दी गई चौपाई का एक माला जप अवश्य करना चाहिए.
रिधि सिधि संपति नदीं सुहाई.
उमगि अवध अंबुधि कहुँ आई.
मानस की चौपाई हमेशा सही उच्चारण करते हुए करनी चाहिए. मानस की चौपाई का जाप तुलसी की माला से करना उत्तम माना गया है. यदि तुलसी की माला न हो तो आप रुद्राक्ष की माला से भी जप सकते हैं. मानस की चौपाई को हमेशा एक निश्चित समय पर एक निश्चित स्थान पर पीले रंग के आसन पर बैठकर करना चाहिए. मानस की चौपाई का जप करते समय अपना मन दूसरे स्थान पर नहीं लगाना चाहिए और न ही क्रोध करना चाहिए.
कैसे जपें रामायण की चौपाई
हिंदू धर्म में मंत्र हो या फिर चौपाई या फिर कोई दोहा, उसे पढ़ने और उसका जाप करने का अपना एक तरीका होता है. हिंदू मान्यता के यदि कोई व्यक्ति अपनी कामना को पूरा करने के लिए मानस की चौपाई का जाप करना चाहता है तो उसे मंगलवार के दिन से इस उपाय को शुरू करना चाहिए. साथ ही इस उपाय की शुरुआत आप दशहरे या फिर कहें रामनवमी के दिन से भी कर सकते हैं.